Kumbha Sankranti
Marathiअन्य नाम: Kumbha Sankramana, Aquarius Sankranti

Kumbha Sankranti
Kumbha Sankranti के बारे में
कुंभ संक्रांति सूर्य के कुंभ राशि में प्रवेश का प्रतीक है। यह 12 या 13 फरवरी को पड़ती है।
श्रद्धालु उपवास रखते हैं और सूर्य देव की पूजा-अर्चना करते हैं। यह पर्व एक महत्वपूर्ण सौर संक्रमण का प्रतीक है।
महाराष्ट्र में विशेष पूजा की जाती है और श्रद्धालु सामूहिक उत्सव के लिए एकत्रित होते हैं।
व्रत विधि और उपवास नियम
कुंभ संक्रांति के दिन श्रद्धालु उपवास रखते हैं और सूर्य देव की पूजा करते हैं।
- सुबह जल्दी उठकर स्नान करें।
- उपवास रखें या सात्विक भोजन ग्रहण करें।
- सूर्य देव को प्रार्थना और अर्घ्य अर्पित करें।
- मंदिरों में जाएं और विशेष पूजा में भाग लें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
कुंभ संक्रांति सूर्य के कुंभ राशि में प्रवेश का प्रतीक है। यह आध्यात्मिक साधना और नई शुरुआत के लिए शुभ माना जाता है।
टिप्पणी: सभी समय चयनित स्थान के स्थानीय समय में 24-घंटे प्रारूप में दर्शाए गए हैं, साथ में DST समायोजन (यदि लागू हो)।
आधी रात के बाद के समय के साथ अगले दिन की तारीख जोड़ी गई है। पंचांग में, एक दिन स्थानीय सूर्योदय से शुरू और समाप्त होता है।
अनुशंसित पृष्ठ
तिथियों और त्यौहारों सहित संपूर्ण वार्षिक हिंदू कैलेंडर।
चंद्र तिथियों और खगोलीय घटनाओं का विस्तृत माह-वार दृश्य।
वर्षभर के लिए मराठी पंचांग और त्यौहार तिथियां।
गुजराती विक्रम संवत कैलेंडर और त्यौहार।
तेलुगु कैलेंडर और त्यौहार पंचांगम विवरण।
तमिल सौर कैलेंडर तिथियां और मासिक पंचांगम।