मुख्य सामग्री पर जाएँ
Yoga Panchang
लॉग इन करें

Tulasi Vivah

Kannada

अन्य नाम: Tulsi Vivah

कैलेंडर वर्ष चुनें
Tulasi Vivah
2026 Kannada तिथि

Tulasi Vivah

Tulasi Vivah के बारे में

तुलसी विवाह कार्तिक मास (अक्टूबर-नवंबर) के शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि को किया जाता है। यह पवित्र तुलसी के पौधे का भगवान विष्णु (शालिग्राम रूप में) के साथ विधिवत विवाह संस्कार है।

यह अनुष्ठान चातुर्मास की समाप्ति और शुभ विवाह सीजन के आरंभ का प्रतीक है।

कर्नाटक में यह त्योहार पारंपरिक अनुष्ठानों, भक्ति गायन और सामुदायिक समारोहों के साथ मनाया जाता है।

व्रत विधि और उपवास नियम

भक्त पारंपरिक अनुष्ठान करते हैं और विवाह समारोह में भाग लेते हैं।

चरणबद्ध उपवास प्रक्रिया:
  • सूर्योदय से पहले उठकर स्नान करें।
  • समारोह के लिए तुलसी के पौधे को तैयार करें।
  • तुलसी का भगवान विष्णु के साथ विधिवत विवाह संपन्न करें।
  • परिवार और मित्रों के साथ उत्सव भोजन साझा करें।

पारण (उपवास तोड़ने) संबंधी टिप्पणी: यह त्योहार दिव्य विवाह का उत्सव है।

पूजा सामग्री और अनुष्ठान चरण

आवश्यक पूजा सामग्री:
तुलसी का पौधाशालिग्राम शिलाफूल और मालामिठाइयाँ और फलअगरबत्ती और कपूर
पूजा प्रक्रिया:
  1. तुलसी के पौधे को सजावट के साथ तैयार करें।
  2. तुलसी का भगवान विष्णु के साथ विधिवत विवाह संपन्न करें।
  3. पूजा-अर्चना करें और प्रसाद वितरित करें।
  4. परिवार और मित्रों के साथ उत्सव भोजन साझा करें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)

प्रश्न: तुलसी विवाह का क्या महत्व है?

यह पवित्र तुलसी के पौधे का भगवान विष्णु के साथ विधिवत विवाह है, जो भक्त और परमात्मा के मिलन का प्रतीक है।

टिप्पणी: सभी समय चयनित स्थान के स्थानीय समय में 24-घंटे प्रारूप में दर्शाए गए हैं, साथ में DST समायोजन (यदि लागू हो)।

आधी रात के बाद के समय के साथ अगले दिन की तारीख जोड़ी गई है। पंचांग में, एक दिन स्थानीय सूर्योदय से शुरू और समाप्त होता है।